diwali puja muhurat Archives - KundliHindi https://kundlihindi.com/tag/diwali-puja-muhurat/ My WordPress Blog Fri, 17 Oct 2025 09:55:07 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=7.0 https://i0.wp.com/kundlihindi.com/wp-content/uploads/2022/11/cropped-kundlihindi.png?fit=32%2C32&ssl=1 diwali puja muhurat Archives - KundliHindi https://kundlihindi.com/tag/diwali-puja-muhurat/ 32 32 214685846 Diwali Week 2025: दिवाली, नरक चतुर्दश, भाई दूज, काली पूजा, अन्नकूट कब है – तारीख, समय, पूजा विधि https://kundlihindi.com/blog/diwali-week-2025/ https://kundlihindi.com/blog/diwali-week-2025/#respond Fri, 17 Oct 2025 09:52:41 +0000 https://kundlihindi.com/?p=4146 दिवाली महोत्सव सिर्फ एक दिन का उत्सव नहीं बल्कि पाँच–छह दिन तक फैला एक पवित्र पर्व है। इस समय ऊर्जा, ग्रह–राशि परिवर्तन, और तारकीय योग विशेष तरह से काम करते हैं। Dr Vinay Bajrangi के अनुसार, इस वर्ष की दिवाली अवधि में कुछ दुर्लभ ग्रह योग बन रहे हैं, जो विशेष शुभ फल लेकर आएंगे। 2025 में...

The post Diwali Week 2025: दिवाली, नरक चतुर्दश, भाई दूज, काली पूजा, अन्नकूट कब है – तारीख, समय, पूजा विधि appeared first on KundliHindi.

]]>

दिवाली महोत्सव सिर्फ एक दिन का उत्सव नहीं बल्कि पाँचछह दिन तक फैला एक पवित्र पर्व है। इस समय ऊर्जा, ग्रहराशि परिवर्तन, और तारकीय योग विशेष तरह से काम करते हैं। Dr Vinay Bajrangi के अनुसार, इस वर्ष की दिवाली अवधि में कुछ दुर्लभ ग्रह योग बन रहे हैं, जो विशेष शुभ फल लेकर आएंगे।

2025 में दिवाली वीक 18 अक्टूबर से शुरू होकर 23 अक्टूबर तक रहेगा।
मुख्य दिवस एवं तिथियाँ इस प्रकार हैं:

·  18 अक्टूबर 2025 (शनिवार) — धनतेरस (Dhanteras / Dhantrayodashi) 

·  19 अक्टूबर 2025 (रविवार) — नरक चतुर्दश / काली चौदस / छोटी दिवाली (Kali Chaudas / Chhoti Diwali) 

·  20 अक्टूबर 2025 (सोमवार) — मुख्य दिवाली / लक्ष्मी पूजा / काली पूजा (कुछ स्थानों पर)

·  21 अक्टूबर 2025 (मंगलवार) — गोवर्धन पूजा / अन्नकूट (Annakut) / बली प्रतिपदा 

·  22 अक्टूबर 2025 (बुधवार) — (कुछ क्षेत्रीय उत्सव

·  23 अक्टूबर 2025 (गुरुवार) — भाई दूज / यम द्वितीया / भौ बीज

दिवाली का अमावस्या तिथि 20 अक्टूबर की दोपहर 3:44 बजे से प्रारंभ होकर 21 अक्टूबर की शाम 5:54 बजे तक चलेगी।

लक्ष्मी पूजा का मुख्य मुहूर्त 20 अक्टूबर की शाम 7:08 बजे से 8:18 बजे तक रहने का पंडितों ने सुझाव दिया है। 

दिवाली वीक के प्रत्येक दिन की महत्व और पूजा विधि

1. धनतेरस 2025 (18 अक्टूबर 2025)

Significance / ज्योतिष महत्व धनतेरस 2025: धन, स्वास्थ्य समृद्धि की शुरुआत।

पूजा विधि (Puja Vidhi):

·  स्नान करके शुभ वस्त्र धारण करें।

·  भगवान धन्वंतरि और देवी लक्ष्मी की स्थापना करें।

·  चांदी, सोना, बर्तन या औजार आदि वस्तु खरीदना शुभ माना जाता है।

·  दीपक जलाएं और धनलाभ मंत्र, जैसे ह्रीं श्रीं लक्ष्मीभ्यो नमःका जाप करें।

·  रात्रि में घर को रोशनी और दीपों से सजाएं।

2. नरक चतुर्दश / छोटी दिवाली / काली चौदस (19 अक्टूबर 2025)

Significance / ज्योतिष महत्व: यह दिन अंधकार (नरक चतुर्दश) पर प्रकाश (शुद्धि) की विजय का प्रतीक है।

पूजा विधि:

·  प्रातःकाल उज्ज्वल स्नान (तेल या कड़ाही स्नान) करें।

·  लवंग, कपूर, गुलाब जल आदि से पूजा करें।

·  दीपक (सरसों तेल या घी दीपक) घर में मुख्य द्वार आंगन में लगाएँ।

·  यम पूजा करने वाले समुदायों में यमराज को भी स्मरण किया जाता है।

·  Dr Vinay Bajrangi कहते हैं कि इस दिन अगर सुबहसवेरे शुभ संकल्प लें और दीप जलाएँ तो रहस्यमय सकारात्मक ऊर्जा प्रवाहित होती है।

3. मुख्य दिवाली / लक्ष्मी पूजा / काली पूजा (20 अक्टूबर 2025)

Significance / ज्योतिष महत्व: यह दिवाली की मुख्य रात है, जब माँ लक्ष्मी प्रसन्न होकर धन, समृद्धि और सुख प्रदान करती हैं।

पूजा विधि (Puja Vidhi):

·  शाम को पंचांग अनुसार मुहूर्त में पूजा करें (7:08 – 8:18 बजे) पूजा करें गणेशलक्ष्मी और कुबेर की।

·  शुद्धि (गृह शुद्धि)मांगलिक पूजनधूप, अगरबत्ती, अक्षतचावलफूलकुशदीपनैवेद्य आदि अर्पित करें।

·  आरती करें और श्रियै नमःआदि मंत्र जाप करें।

·  यदि आपकी परंपरा में काली पूजा हो, तो माँ काली को पूजा कर, काल शक्तियों से रक्षा की प्रार्थना करें।

·  दीप जलाकर घरआंगन को आलोकित करें।

4. गोवर्धन पूजा / अन्नकूट (21 अक्टूबर 2025)

Significance / ज्योतिष महत्वGovardhan Puja, जिसे Annakut भी कहा जाता हैयह प्रथम शुक्ल प्रतिपदा तिथि पर मनाया जाता है। श्रीकृष्ण की गोवर्धन पर्वत कथा से जुड़ी यह पूजा भक्तों के लिए आत्मसमर्पण और प्रकृतिउपासना का दिन है। 

पूजा विधि:

·  भगवान कृष्ण की प्रतिमा स्थापित करें।

·  प्रकारप्रकार की शुद्ध शाकाहारी व्यंजन (चावल, दाल, सब्जियाँ, मिठाई आदि) बनाकर एक विशाल भोग अन्नकूट बनायें।

·  भोग पर गोवर्धन पर्वत का रूप बनाकर गुढ़ / पूजा सामग्री सजाएँ।

·  गोवर्धनाधिपतये नमःआदि मंत्रों का जाप करें।

·  भक्तिमय गीतभजन करें और भोग का वितरण करें।

5. भाई दूज / यम द्वितीया / भौ बीज (23 अक्टूबर 2025)

Significance / ज्योतिष महत्व भाई दूज: भाई और बहन के बंधन का पर्व, यमराज के स्मरण और रक्षा का दिन।

पूजा विधि:

·  बहनें भाई को आगार्य (मापानी) अर्पित करती हैं और उन्हें तिलकअक्षतमिथाइँ देती हैं।

·  भाई बहन को उपहार दें, व्रत करें, और रक्षात्मक यम देवता की स्मृति करें।

·  इसे पारिवारिक संबंधों को सुदृढ़ बनाने वाला दिन माना जाता है।

नोट: अधिकांश पंडित एवं पंचांग स्रोत बताते हैं कि दिवाली वृहद् रूप से 5-दिवसीय उत्सव है, किन्तु कुछ क्षेत्रों में 6 दिन आयोजन होते हैं। 

ज्योतिषीय चेतावनियाँ और सुझाव (Dr Vinay Bajrangi के विचार)

·  इस वर्ष दिवाली वीक में कुछ दुर्लभ ग्रह योग बन रहे हैं, विशेषकर हंस योग, बुध-Aditya योग आदि, जो कुछ राशियों को विशिष्ट लाभ देंगे।

·  दीप जलाने, पूजा करने, नारी शक्ति (लक्ष्मी / काली) का आदर करने से सकारात्मक ऊर्जा प्रवाहित होती है।

·  नकारात्मक विचारों, चोरउपद्रव, अनावश्यक खर्चों से बचना चाहिए।

·  सूर्य, चंद्र, गुरूइन ग्रहों की स्थिति अमावस्या और पूजन काल के दौरान ध्यान रखें।

·  स्वयं और परिवार के सदस्यों के लिए शुभ उपकार करेंदान, सेवा, और अन्न वितरण विशेष महत्व रखते हैं।

Frequently Asked Questions (FAQ)

Q1. दिवाली 2025 कब है — 20 या 21 अक्टूबर?
A.
दिवाली अमावस्या तिथि 20 अक्टूबर दोपहर 3:44 बजे से शुरू होकर 21 अक्टूबर शाम 5:54 बजे तक रहेगी। लेकिन पंडित और पंचांग अनुसार मुख्य लक्ष्मी पूजा 20 अक्टूबर की शाम ही किया जाना चाहिए। 

Q2. नरक चतुर्दश (छोटी दिवाली) की तिथि समय क्या है?
A.
नरक चतुर्दश या छोटी दिवाली 19 अक्टूबर 2025 को मानी जाएगी। पूजा स्नान समय स्थानानुसार बदल सकते हैंसुबह जल्दी स्नान दीप जलाने की प्रथा है। 

Q3. अन्नकूट (Annakut) और गोवर्धन पूजा कब है?
A.
गोवर्धन पूजा / अन्नकूट 21 अक्टूबर 2025 को प्रतिपदा तिथि पर मनाई जाएगी। 

Q4. भाई दूज कब है?
A.
भाई दूज 23 अक्टूबर 2025 को है।

Q5. क्या काली पूजा मुख्य दिवाली की रात होती है?
A.
हाँ, कुछ क्षेत्रों में काली पूजा के रूप में दिवाली की रात को माँ काली की पूजा की जाती है। यदि आपकी परंपरा में यह शामिल हो, तो उसी समय पूजा करें।

Q6. दिवाली वीक में किन वस्तुओं का दान करना शुभ है?
A.
चावल, दाल, चीनी, वस्त्र, मिठाई, दीपक, तेल आदि का दान लक्ष्मी प्रसन्नता बढ़ाते हैं।

 निष्कर्ष

दिवाली वीक 2025 (18–23 अक्टूबर) एक बेहद महत्वपूर्ण समय है, जब ग्रहराशि की चाल, तिथियों की क्रियाएँ और ऊर्जा संचार मिलकर जीवन में सुविद्या, सौभाग्य और समृद्धि ला सकती हैं। इस पावन समय में Dr Vinay Bajrangi की सलाह यह है कि जितना संभव हो पूजा विधि शुद्ध मन संकल्प के साथ करें, अंधकार (नरक) पर प्रकाश (पुण्य) की विजय मानते हुए अपनी आत्मा और घर को दीपों से आलोकित करें।

किसी भी विशिष्ट मुद्दे के लिए, मेरे कार्यालय @ +91 9999113366 से संपर्क करें। भगवान आपको एक खुशहाल जीवन आनंद प्रदान करें।

Read more also: kundli

The post Diwali Week 2025: दिवाली, नरक चतुर्दश, भाई दूज, काली पूजा, अन्नकूट कब है – तारीख, समय, पूजा विधि appeared first on KundliHindi.

]]>
https://kundlihindi.com/blog/diwali-week-2025/feed/ 0 4146